Connect with us

उत्तराखंड

अधीनस्थ सेवा चयन आयोग ने उत्तराखंड में आठ और भर्ती परीक्षाओं को निरस्त करने की सिफारिश की।

देहरादून – अधीनस्थ सेवा चयन आयोग ने कुल आठ परीक्षाओं की गोपनीयता पर संदेह व्यक्त करते हुए सरकार से इन्हें निरस्त करने की सिफारिश की है। इनमें से एलटी, पीए, कनिष्ठ सहायक, पुलिस रैंकर्स का पूर्व में रिजल्ट,उत्तराखंड अधीनस्थ सेवा चयन आयोग ने कुल आठ परीक्षाओं की गोपनीयता पर संदेह व्यक्त करते हुए सरकार से इन्हें निरस्त करने की सिफारिश की है। इनमें से एलटी, पीए, कनिष्ठ सहायक, पुलिस रैंकर्स का पूर्व में रिजल्ट जारी हो चुका है, जबकि वाहन चालक, अनुदेशक, मत्स्य निरीक्षक, मुख्य आरक्षी दूरसंचार का अभी रिजल्ट जारी नहीं हुआ है। ये पूर्व में निरस्त की परीक्षाओं के अतिरिक्त हैं।
आयोग के सचिव एसएस रावत की ओर से सचिव कार्मिक को भेजे गए पत्र में कहा गया कि उक्त में से सात परीक्षाओं में विवादित भर्ती एजेंसी आरएमएस टेक्नोसॉल्यूशन की भूमिका रही है। जबकि व्यक्तिक सहायक की परीक्षा, ऑनलाइन माध्यम से एनएससीईआटी ने कराई थी, लेकिन इसमें भी ज्यादातर सफल अभ्यर्थी एक ही जिले के हैं, इसलिए इस परीक्षा पर भी संदेह खड़ा हो रहा है।
रावत ने पत्र में लिखा कि आरएमएस टैक्नोसॉल्यूशन के मालिक और कई कार्मिक पेपर लीक मामले को लेकर जेल में बंद हैं, इसलिए उक्त एजेंसी द्वारा कराई गई परीक्षा का परिणाम जारी करना हमेशा संदेह के घेरे में रहेगा। आयोग ने विधानसभा द्वारा भी बिना परिणाम जारी किए ही आरएमएस द्वारा कराई गई भर्ती निरस्त किए जाने को देखते हुए इन परीक्षाओं को निरस्त करने की सिफारिश की है।
जांच की जिम्मेदारी शासन पर आयोग ने कहा है कि यदि फिर भी शासन परिणाम जारी करने का निर्णय लेता है, तो इसके लिए सफल अभ्यर्थियों का पिछला एकेडमिक रिकॉर्ड देखना जरूरी होगा। ऐसी स्थिति में शासन स्तर से विशेषज्ञ जांच दल गठित किया जाना जरूरी होगा। आयोग के सचिव एसएस रावत ने पत्र लिखे जाने की पुष्टि की है। इन सभी परीक्षाओं को मिलाकर कुल पदों की संख्या चार हजार से अधिक बैठ रही है।
एक और ऑनलाइन परीक्षा पर सवाल आयोग के पत्र से व्यैक्तिक सहायक परीक्षा में भी धांधली के संकेत मिले हैं। पत्र में स्पष्ट किया गया है कि रिजल्ट तैयार करने के दौरान इसमें एक ही जिले के युवाओं का पास प्रतिशत सामान्य से अधिक नजर आ रहा है। उक्त परीक्षा भी एनसीईआईटी ने कराई थी, उक्त एजेंसी की वन दरोगा भर्ती में भी जांच चल रही है। दूसरी तरफ पुलिस रैंकर्स भर्ती में लिखित परीक्षा का परिणाम जारी हो चुका है, लेकिन शारीरिक परीक्षा और विभागीय अंक नहीं जुड़ने के कारण अब तक फाइनल रिजल्ट नहीं बन पाया था, इस बीच अब इस परीक्षा पर भी संकट आ गया है।
इन परीक्षाओं पर खतरा
परिणाम जारी – एलटी, व्यैक्तिक सहायक, कनिष्ठ सहायक, पुलिस रैंकर्स
परिणाम का इंतजार वाहन चालक, अनुदेशक, मत्स्य निरीक्षक, मुख्य आरक्षी दूरसंचार
पूर्व में 12 परीक्षाएं हो चुकी हैं निरस्त आयोग 15 सितंबर को भी 12 विभागों की भर्ती निरस्त कर चुका है। इसमें राजस्व उप निरीक्षक-लेखपाल, बंदी रक्षक, पर्यावरण पर्यवेक्षक, प्रयोगशाला सहायक मानचित्रकार- सर्वेयर, वन आरक्षी, अवर अभियंता, अन्वेषक कम संगणक, उप निरीक्षक पुलिस, चारा सहायक-सहायक कृषि अधिकारी, सहकारिता पर्यवेक्षक, गन्ना दुग्ध पर्यवेक्षक, सहायक लेखाकार लेखा परीक्षक पद शामिल हैं। इन पदों के लिए मात्र आवेदन प्रक्रिया पूरी हुई थी, उक्त परीक्षाएं अब लोक सेवा आयोग करा रहा है।
वीपीडीओ सहित विवादित परीक्षाओं पर निर्णय बाद में आयोग ने अभी स्नातक स्तरीय (वीपीडीओ) के साथ ही वन दरोगा ओर सचिवालय सुरक्षा पर कोई निर्णय नहीं लिया है। इन तीनों मामलों में एसआईटी जांच चल रही है। इस पर अंतिम कार्रवाई पुलिस जांच के बाद ही होगी।
Continue Reading
Click to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

More in उत्तराखंड

उत्तराखण्ड

उत्तराखण्ड

हल्द्वानी

हल्द्वानी

रामनगर

रामनगर

Trending News

Like Our Facebook Page